बिलासपुर में नगर पालिक निगम की सामान्य सभा आज हंगामे की भेंट चढ़ गई। लिंगियाडीह क्षेत्र में 175 से अधिक बेजा कब्जा हटाए जाने का मामला जैसे ही सदन में उठा, माहौल गर्म हो गया।
सभा के दौरान वार्ड पार्षद दिलीप पाटिल ने लिंगियाडीह के प्रभावित परिवारों का मुद्दा उठाया। उन्होंने कहा कि जिन लोगों को हटाया गया है, उनके लिए पहले पुनर्वास की व्यवस्था होनी चाहिए थी। इस पर सत्ता पक्ष के पार्षदों ने विरोध जताया और दोनों पक्षों के बीच तीखी बहस शुरू हो गई। हंगामा इतना बढ़ा कि कुछ समय के लिए सभा की कार्यवाही रोकनी पड़ी।
इसके बाद कांग्रेसी पार्षदों ने लखीराम ऑडिटोरियम के मुख्य गेट पर धरना शुरू कर दिया। बड़ी संख्या में प्रभावित परिवार भी धरने में शामिल हुए। प्रदर्शन कर रहे लोगों का आरोप है कि निगम प्रशासन ने पुनर्वास का वादा किया था, लेकिन अब उससे पीछे हट रहा है। वार्ड क्रमांक 47 के लोग पिछले 84 दिनों से धरने पर बैठे हैं और उनकी मांग है कि जहां से उन्हें हटाया गया, वहीं दोबारा बसाया जाए।
मामले को लेकर नगर निगम प्रशासन का कहना है कि अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई नियमों के तहत की गई है। पुनर्वास के संबंध में अंतिम फैसला शासन स्तर पर लिया जाएगा। फिलहाल लिंगियाडीह का मुद्दा शहर की राजनीति का बड़ा विषय बन गया है और सामान्य सभा हंगामे के साये में जारी है।
INDIA WRITERS Voices of India, Words That Matter