नई दिल्ली। सुप्रीम कोर्ट ने लालू प्रसाद यादव को ‘लैंड फॉर जॉब्स’ मामले में बड़ा झटका दिया है। कोर्ट ने CBI जांच को रद्द करने की उनकी याचिका खारिज कर दी है।
हालांकि, अदालत ने उन्हें राहत देते हुए कहा कि वे ट्रायल के दौरान भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की धारा 17ए से जुड़े कानूनी मुद्दे उठा सकते हैं। साथ ही कोर्ट ने निचली अदालत को मामले की सुनवाई मेरिट के आधार पर जारी रखने के निर्देश दिए हैं।
यह फैसला जस्टिस एम.एम. सुंदरेश और जस्टिस एन. कोटिस्वर सिंह की बेंच ने सुनाया। कोर्ट ने कहा कि इस स्तर पर जांच में हस्तक्षेप करना उचित नहीं है और सभी कानूनी आपत्तियां ट्रायल कोर्ट में उठाई जा सकती हैं।
सुनवाई के दौरान कपिल सिब्बल ने लालू यादव की ओर से दलील दी कि बिना पूर्व अनुमति के जांच अवैध है। वहीं CBI की ओर से इसका विरोध किया गया।
यह मामला 2004 से 2009 के बीच रेलवे में भर्ती के बदले जमीन लेने के आरोपों से जुड़ा है, जब लालू प्रसाद यादव रेल मंत्री थे।
अब इस मामले में आगे की सुनवाई निचली अदालत में होगी, जहां सभी कानूनी और तथ्यात्मक पहलुओं पर विस्तार से विचार किया जाएगा।
INDIA WRITERS Voices of India, Words That Matter