रायपुर के वीआईपी रोड स्थित एक होटल में राहुल गांधी की टीम ने सीक्रेट ट्रेनिंग कैंप शुरू किया है, जो पूरी तरह से गुप्त है। 3 दिन के इस प्रोग्राम में प्रदेश के 100 चुनिंदा युवा कांग्रेस कार्यकर्ता शामिल हैं, जिन्हें आने वाले समय में पार्टी के लिए ग्राउंड पर काम करने की रणनीति सिखाई जा रही है। खास बात यह है कि ये पूरा कार्यक्रम मीडिया और सोशल मीडिया से दूर है। जानकारी के मुताबिक, ट्रेनिंग पाने वाले कार्यकर्ताओं में ज्यादातर ST, SC और OBC वर्ग से आते हैं। इसका उद्देश्य युवाओं को न केवल पार्टी के लिए सक्रिय करना है, बल्कि उन्हें संविधान और कानून की समझ भी देना है, ताकि वे जनहित के मुद्दों पर मजबूती से खड़े हो सकें।
मोबाइल फोन और फोटो पर बैन
इस कार्यक्रम की गोपनीयता बनाए रखने के लिए सख्त नियम लागू किए गए हैं। ट्रेनिंग के दौरान सभी कार्यकर्ताओं और वॉलंटियर्स के मोबाइल फोन अलग से रखवा दिए गए हैं। किसी को भी वीडियो या फोटो खींचने की अनुमति नहीं है, ताकि कार्यक्रम की कोई भी झलक बाहर न जा सके। होटल परिसर में बाहरी लोगों का प्रवेश वर्जित है और सभी सेशनों पर कोर टीम की कड़ी नजर है। इस ट्रेनिंग को गुप्त रखने के लिए होटल के बाहर से लेकर कॉन्फ्रेंस हॉल तक हर जगह सलेक्टेड वालंटियरों की टीम नजर बनाए हुए है।
सुबह से रात तक चलता है ट्रेनिंग सेशन
12 अगस्त से शुरू हुए इस कार्यक्रम में सुबह 10 बजे से रात 10 बजे तक अलग-अलग सेशन चल रहे हैं। सेशन्स में पार्टी का इतिहास, आंदोलन के लिए रणनीति बनाना, जनता के बीच मुद्दों को उठाना, और सरकार के खिलाफ मुखर होकर विरोध करने के तरीकों पर विशेष फोकस है। साथ ही, खेलकूद, प्रभात फेरी, सांस्कृतिक गतिविधियों के जरिए भी कार्यकर्ताओं को टीमवर्क और नेतृत्व कौशल सिखाया जा रहा है।
राष्ट्रीय अध्यक्ष भी होंगे शामिल
कार्यक्रम को राहुल गांधी की टीम से गौरव जायसवाल और अभिषेक त्रिपाठी लीड कर रहे हैं और ट्रेनिंग दे रहे हैं। ये दोनों नेता पहले भी राहुल गांधी के अभियानों में रणनीतिक भूमिका निभा चुके हैं। जानकारी के अनुसार, इस ट्रेनिंग कैंप में युवा कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष उदयभानु चिब आज शामिल होंगे और ट्रेनिंग लेने वाले कार्यकर्ताओं को सीधे मार्गदर्शन देंगे।
बड़े आंदोलन की तैयारी
पार्टी सूत्र बताते हैं कि इस ट्रेनिंग का मकसद सिर्फ संगठनात्मक मजबूती नहीं है, बल्कि आने वाले दिनों में सरकार के खिलाफ बड़े आंदोलन की तैयारी करना भी है। कार्यकर्ताओं को सिखाया जा रहा है कि वे पब्लिक के बीच जाकर मुद्दों को कैसे उठाएं, जनभावनाओं को जोड़ें और आंदोलन को धार दें।
ट्रेनिंग के अंतिम दिन कार्यकर्ताओं को एक विस्तृत ऐक्शन प्लान सौंपा जाएगा, जिसमें उनके क्षेत्रवार जिम्मेदारियां तय की जाएंगी। माना जा रहा है कि यह कैंप अभी से ही कांग्रेस के युवा विंग को सक्रिय करने की बड़ी रणनीति का हिस्सा है।
INDIA WRITERS Voices of India, Words That Matter