200KG चांदी… 5 साल बाद भी न तो रसीद मिली, न ही कोई जानकारी, राम मंदिर में चढ़ावा को लेकर बड़ा हेरफेर का आरोप

Ayodhya News: अयोध्या राम मंदिर में चढ़ावा चोरी का विवाद थमने का नाम नहीं ले रहा है. प्रतिदिन नए खुलासे हो रहे हैं. इसकी जांच एसआईटी की टीम कर रही है. इसी बीच सिंधी समाज ने साल 2021 में राम मंदिर निर्माण के लिए चढ़ाई गई 200 किलो चांदी की ईंटों को लेकर चिंता जताई है. समाज के अध्यक्ष का कहना है कि उन्हें दान की गई चांदी की न तो कोई जानकारी दी गई और न ही मंदिर प्रबंधन द्वारा कोई रसीद मिली है. फिलहाल, संभावना है कि जल्द ही इसकी जांच एसआईटी कर सकती है.

बता दें, जब साल 2021 में सिंधी समाज ने 200 किलो चांदी मंदिर को सौंपी थी, तो पूरे देश में चर्चा का विषय बना था. विश्व सिंधी सेवा संगम के अंतरराष्ट्रीय अध्यक्ष डॉक्टर राजू मनवानी ने बताया कि चांदी की ईंटें श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र के महासचिव चंपत राय को सौंपी गई थी. चंपत राय को ये ईंटें सौंपने के दौरान की फोटो भी सिंधी समाज के पास उपलब्ध है. मंदिर प्रशासन लगातार गुमराह करता रहा. पहले बताया गया कि चांदी की जांच करने के बाद रसीद दी जाएगी, लेकिन 5 साल बीत जाने के बाद भी आज तक कोई रसीद नहीं दी गई.

जांच में प्रतिदिन हो रहे नए खुलासे
सिंधी समाज ने दान की गई चांदी को लेकर चिंता जताई है. समाज के लोगों का कहना है कि जल्द ही सीएम योगी आदित्यनाथ से मुलाकात कर इसकी जानकारी दी जाएगी. चढ़ावा चोरी मामले के खुलासे के बाद जब जांच तेज कर दी गई, तो प्रतिदिन नए खुलासे हो रहे हैं. एसआईटी की जांच के दौरान पूर्व इंजीनियर का दावा करने वाले ने तो निर्माण कार्य पर भी व्यापक घोटाले का आरोप लगाया है. फिलहाल, प्रतिदिन हो रहे नए खुलासों ने विवाद को बढ़ा दिया है.

जिम्मेदारों को मिले सजा: राजू मनवानी
सिंधी समाज के अध्यक्ष मनवानी ने कहा, हमें योगी जी और मोदी जी पर पूरा भरोसा है कि सच सामने आएगा और जिम्मेदार लोगों को सजा मिलेगी. हम चाहते हैं जांच प्रक्रिया में पारदर्शिता हो और ऐसी व्यवस्था हो कि दान देने वाले को भी पता चले कि उसके दान का इस्तेमाल कहां हो रहा है. धोखाधड़ी की खबर मिलने के बाद लोगों ने राम मंदिर में दान देना बहुत कम कर दिया है. इसलिए सही जांच बहुत जरूरी है.

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