CG News: केवल प्रेम संबंध टूटना या विवाह से इनकार, आत्महत्या के लिए उकसाना नहीं माना जा सकता हाई कोर्ट

CG News: छत्तीसगढ़ हाई कोर्ट ने आत्महत्या के लिए उकसाने (धारा 306 आईपीसी) के एक पुराने मामले में राज्य सरकार की अपील को खारिज कर दिया है. जिसमें आरोपी सुनील कुमार साहू को पहले ही सत्र न्यायालय द्वारा दोषमुक्त किया जा चुका था.

यह अपील राज्य सरकार द्वारा धारा 378 दंड प्रक्रिया संहिता के तहत दायर की गई थी, जिसमें 23 जनवरी 2017 को चौथे अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश बिलासपुर द्वारा दिए गए दोषमुक्ति आदेश को चुनौती दी गई थी. इस मामले की सुनवाई न्यायमूर्ति संजय एस. अग्रवाल की एकलपीठ ने की.

क्या है पूरा मामला?
ये पूरा मामला बिलासपुर के चकरभाठा थानाक्षेत्र का है. अभियोजन के अनुसार, वर्ष 2016 में मृतका और आरोपी सुनील कुमार साहू के बीच प्रेम संबंध था. दोनों विवाह करना चाहते थे, लेकिन आरोपी के माता-पिता इस रिश्ते के लिए तैयार नहीं थे. आरोप लगाया गया कि घटना से तीन-चार दिन पहले दोनों के बीच विवाद हुआ और आरोपी ने विवाह से इनकार कर दिया, जिससे आहत होकर युवती ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली. मर्ग सूचना के बाद जांच हुई और लगभग डेढ़ माह बाद आरोपी के खिलाफ धारा 306 आईपीसी के तहत एफआईआर दर्ज की गई. जांच के दौरान मृतका द्वारा लिखा गया एक पत्र भी बरामद हुआ था.

गवाहों ने यह दिया था बयान
अभियोजन ने मृतका की बहन, पिता और मां को गवाह बनाया. बहन ने प्रेम संबंध और विवाह की बात स्वीकार की, लेकिन यह भी कहा कि विवाह से इनकार उसने सुना था, प्रत्यक्ष रूप से नहीं. दूसरी बहन ने विवाद की बात कही, पर आत्महत्या के कारण को लेकर स्पष्ट जानकारी नहीं दी. वहीं, पिता ने बताया कि वे विवाह के लिए तैयार थे, लेकिन आरोपी के पिता राजी नहीं थे। इसके अलावा मां ने भी विवाह से इनकार की बात सुनी होने की बात कही, पर यह स्वीकार किया कि उनके सामने ऐसा कोई इनकार नहीं हुआ था.

Check Also

CG Board Result 2026: लाखों छात्रों का इंतजार खत्म! 29 अप्रैल को इतने बजे जारी होगा 10वीं-12वीं का रिजल्‍ट

CG Board Result 2026: छत्तीसगढ़ में 10वीं-12वीं बोर्ड परीक्षा देने वाले लाखों छात्र-छात्राओं को इंतजार …

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *