Breaking News

Myanmar Airport Drone Attack: मांडले इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर विद्रोहियों का बड़ा ड्रोन हमला, सैन्य विमानों को नुकसान का दावा

म्यांमार में सैन्य शासन और लोकतंत्र समर्थक विद्रोही गुटों के बीच जारी संघर्ष अब और भीषण हो गया है। 10 और 11 सितंबर के बीच विद्रोहियों ने देश के प्रमुख सामरिक केंद्र मांडले इंटरनेशनल एयरपोर्ट और उससे सटे ‘तादा-उ एयरबेस’ को निशाना बनाते हुए एक साथ कई ‘सुसाइड ड्रोन’ से हमला कर दिया। इस अचानक हुए हमले के बाद नागरिक उड्डयन संचालन पूरी तरह से प्रभावित हो गया है।

सैन्य सरकार के सुरक्षा बलों ने विस्फोटक ले जा रहे कुछ ड्रोनों को हवा में ही निष्प्रक्रिय करने का दावा किया है, लेकिन खतरे को देखते हुए हवाई अड्डे को अस्थायी रूप से सील कर दिया गया है।

अंतरराष्ट्रीय उड़ानें रद्द, घरेलू फ्लाइट्स को Pyin Oo Lwin किया गया री-रूट
ड्रोन हमले के बाद उत्पन्न हुए परिचालन संकट के चलते म्यांमार एयरवेज इंटरनेशनल (MAI) ने मांडले से संचालित होने वाली अपनी सभी अंतरराष्ट्रीय फ्लाइट्स को अनिश्चितकाल के लिए निलंबित कर दिया है।

वहीं, मांडले आने-जाने वाली सभी घरेलू उड़ानों को म्यिंग्लार एविएशन के जरिए प्यिन ओ ल्विन स्थित ‘अनिसकान एयरपोर्ट’ पर डायवर्ट कर दिया गया है। एयरलाइंस ने प्रभावित यात्रियों को 100 प्रतिशत रिफंड या बिना किसी अतिरिक्त शुल्क के रूट बदलने की सुविधा दी है।

सैन्य एयरबेस को निशाना बनाकर दागे गए 6 सुसाइड ड्रोन
रिपोर्ट्स के मुताबिक, सशस्त्र विद्रोही समूहों द्वारा दागे गए कम से कम छह सुसाइड ड्रोनों ने एयरपोर्ट से सटे सैन्य क्षेत्र को निशाना बनाया। क्रांतिकारी बलों का दावा है कि इस हमले में एयरबेस पर खड़े सैन्य विमानों को नुकसान पहुंचा है, जिनमें से दो विमान बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गए हैं।

हालांकि, सैन्य सरकार के सरकारी मीडिया (MRTV) का कहना है कि सुरक्षा बलों ने त्वरित कार्रवाई करते हुए हमले को नाकाम कर दिया और किसी भी रनवे या मुख्य नागरिक टर्मिनल को बड़ा नुकसान नहीं पहुंचने दिया।

गृहयुद्ध के बीच विद्रोहियों का बढ़ता ड्रोन नेटवर्क
साल 2021 में तख्तापलट के बाद से ही म्यांमार में गृहयुद्ध जैसे हालात बने हुए हैं। पिछले कुछ महीनों में विद्रोही समूह कम लागत वाले और आधुनिक ड्रोन तकनीक का इस्तेमाल करके सैन्य ठिकानों पर लगातार सटीक हमले कर रहे हैं। मांडले एयरपोर्ट पर हुए इस हमले ने सैन्य सरकार के हवाई सुरक्षा दावों पर फिर से बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं। फिलहाल एयरपोर्ट परिसर में भारी सैन्य बल तैनात है और सुरक्षा एजेंसियां तलाशी अभियान चला रही हैं।

Check Also

नेपाल बाढ़ के 9 दिन बाद सुरंग से जिंदा निकाले गए 2 युवक, एक आवाज के बाद शुरू हुआ रेस्क्यू ऑपरेशन

Nepal flash floods: नेपाल में 26 अगस्त की फ्लैश फ्लड के नौ दिन बाद कुदरत …

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *