छत्तीसगढ़ और गुजरात मिलकर विकसित भारत के निर्माण में निभाएंगे अहम भूमिका – मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय

इन्वेस्टर कनेक्ट : अहमदाबाद में छत्तीसगढ़ को मिला बड़ा निवेश प्रस्ताव

33,000 करोड़ से अधिक के निवेश, 14,000 से अधिक रोजगार का खुला मार्ग

छत्तीसगढ़ को अब तक मिले कुल 7.83 लाख करोड़ के निवेश प्रस्ताव

रायपुर: अहमदाबाद में आयोजित इन्वेस्टर कनेक्ट कार्यक्रम में छत्तीसगढ़ को लगभग ₹33 हजार करोड़ के निवेश प्रस्ताव प्राप्त हुए हैं। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने थर्मल पावर प्लांट, ग्रीन स्टील मैन्युफैक्चरिंग, सोलर सेल, फार्मास्युटिकल उत्पाद और मेडिकल फूड सप्लीमेंट जैसे क्षेत्रों की प्रमुख कंपनियों को निवेश प्रस्ताव पत्र (Investment Letters) प्रदान किए। छत्तीसगढ़ को मिले इन निवेश प्रस्तावों से राज्य में 14,532 से अधिक नए रोजगार अवसर सृजित होंगे। उल्लेखनीय है कि नई औद्योगिक नीति लागू होने के बाद से अब तक छत्तीसगढ़ को कुल ₹7.83 लाख करोड़ के निवेश प्रस्ताव प्राप्त हो चुके हैं।

मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने अहमदाबाद में आयोजित इन्वेस्टर कनेक्ट मीट में देश के शीर्ष उद्योगपतियों और व्यवसायिक नेतृत्व से राज्य में निवेश की संभावनाओं पर विस्तृत चर्चा की। उद्योगपतियों से संवाद करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि उद्योग, निवेश और नवाचार की भूमि गुजरात में आकर वे अत्यंत उत्साहित हैं। उन्होंने कहा कि गुजरात के कण-कण में उद्यमिता बसी है और दुनिया का कोई ऐसा कोना नहीं, जहां गुजराती भाइयों की उपस्थिति न हो। मुख्यमंत्री ने कहा कि गुजरात और छत्तीसगढ़ मिलकर विकसित भारत के निर्माण में अहम भूमिका निभाएंगे।

साय ने कहा कि गुजरात जिस प्रकार देश और विश्व की अर्थव्यवस्था को गति दे रहा है, उसी दिशा में छत्तीसगढ़ भी तीव्र गति से आगे बढ़ रहा है। उन्होंने कहा कि गुजरात के पास उद्यम है, तो छत्तीसगढ़ के पास ऊर्जा, खनिज, कुशल जनशक्ति और आकर्षक औद्योगिक नीति है—जो निवेशकों के लिए किसी वरदान से कम नहीं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि छत्तीसगढ़ सरकार ने पिछले 22 महीनों में 350 से अधिक सुधार किए हैं, जिनसे उद्योग स्थापित करना और अधिक सुगम हुआ है। राज्य में सिंगल विंडो सिस्टम के माध्यम से आवश्यक अनुमतियाँ अब त्वरित रूप से जारी की जा रही हैं। उन्होंने कहा कि नई औद्योगिक नीति के तहत उद्योगों को विशेष अनुदान एवं प्रोत्साहन दिए गए हैं। बस्तर और सरगुजा जैसे जनजातीय अंचलों में उद्योग लगाने पर अतिरिक्त सहायता प्रदान की जाएगी। मुख्यमंत्री ने बताया कि अब तक राज्य में ₹7.5 लाख करोड़ से अधिक के निवेश प्रस्ताव प्राप्त हुए हैं।

साय ने कहा कि छत्तीसगढ़ देश में कोयला उत्पादन में दूसरे स्थान पर है और हाल ही में आयोजित एनर्जी समिट में ₹3.5 लाख करोड़ के निवेश प्रस्ताव प्राप्त हुए हैं। राज्य में थर्मल, हाइडल, सोलर और वन-आधारित उद्योगों की विशाल संभावनाएँ मौजूद हैं।

उन्होंने आगे बताया कि नवा रायपुर को आईटी और एआई डेटा सेंटर हब के रूप में विकसित किया जा रहा है, जहाँ सेमीकंडक्टर और इलेक्ट्रॉनिक्स क्षेत्र की कंपनियाँ निवेश में विशेष रुचि दिखा रही हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि पर्यटन को उद्योग का दर्जा प्रदान किया गया है, जिससे हॉस्पिटैलिटी और वेलनेस सेक्टर में भी निवेश की नई संभावनाएँ खुली हैं।

कार्यक्रम में सीएसआईडीसी के अध्यक्ष राजीव अग्रवाल, मुख्यमंत्री के प्रमुख सचिव सुबोध कुमार सिंह, उद्योग विभाग के सचिव रजत कुमार, मुख्यमंत्री के सचिव राहुल भगत, सीएसआईडीसी के प्रबंध संचालक विश्वेश कुमार सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।

इन कंपनियों ने की निवेश की घोषणाएँ

  1. लीजियम लाइफ साइंसेस प्राइवेट लिमिटेड – यह कंपनी फार्मास्युटिकल उत्पाद और मेडिकल फूड सप्लीमेंट का निर्माण करती है। कंपनी ने ₹101 करोड़ का निवेश प्रस्ताव रखा है, जिससे 750 रोजगार सृजित होंगे।
  2. टोरेंट पावर लिमिटेड, अहमदाबाद – कंपनी ने ₹22,900 करोड़ की लागत से 1,600 मेगावाट क्षमता का थर्मल पावर प्लांट स्थापित करने का प्रस्ताव दिया है, जिससे छत्तीसगढ़ की ऊर्जा क्षमता को नई दिशा मिलेगी। इससे लगभग 5,000 लोगों को रोजगार प्राप्त होगा।
  3. टोरेंट फार्मास्युटिकल्स लिमिटेड – कंपनी ने फार्मास्युटिकल मैन्युफैक्चरिंग यूनिट की स्थापना के लिए ₹200 करोड़ का निवेश प्रस्तावित किया है, जिससे 200 लोगों को रोजगार मिलेगा।
  4. ओनिक्स थ्री एनर्सोल प्राइवेट लिमिटेड – यह कंपनी ग्रीन हाइड्रोजन, ग्रीन अमोनिया और ग्रीन स्टील मैन्युफैक्चरिंग प्लांट स्थापित करेगी। इसमें ₹9,000 करोड़ का निवेश और 4,082 रोजगार सृजन का प्रस्ताव है।
  5. माला क्रिएशन प्राइवेट लिमिटेड, सूरत – कंपनी 2 जीगावाट क्षमता वाली सोलर सेल मैन्युफैक्चरिंग यूनिट लगाएगी। इसके लिए ₹700 करोड़ का निवेश प्रस्तावित है, जिससे 500 लोगों को रोजगार मिलेगा।
  6. मल्टी सुपर स्पेशियलिटी हॉस्पिटल – इस अस्पताल की स्थापना के लिए ₹300 करोड़ का निवेश प्रस्तावित किया गया है। यह पहल राज्य में स्वास्थ्य सेवाओं को सुदृढ़ बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम होगी तथा स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर भी बढ़ेंगे।
  7. सफायर सेमीकॉम प्राइवेट लिमिटेड – यह कंपनी सेमीकंडक्टर निर्माण के क्षेत्र में ₹120 करोड़ का निवेश करेगी, जिससे लगभग 4,000 रोजगार अवसर सृजित होंगे।

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