केलों की आड़ में हो रही थी गांजा तस्करी, 4.5 करोड़ का गांजा जब्त, शराब ठेके का मालिक निकला मास्टरमाइंड

पिथौरा : छत्तीसगढ़ की महासमुंद पुलिस की ओर से अवैध मादक पदार्थों के व्यापार को जड़ से खत्म करने के लिए ‘सोर्स से लेकर डेस्टिनेशन तक’ मुहिम चलाई जा रही है। इसी कड़ी में पुलिस को एक बड़ी सफलता मिली है। बसना पुलिस ने 4.5 करोड़ रुपये के गांजा तस्करी सिंडिकेट के मुख्य सरगना और नशा माफिया विनय शर्मा उर्फ पंडित जी को उत्तर प्रदेश से गिरफ्तार कर लिया है।

दरअसल, बसना पुलिस ने 17 अप्रैल को पलसापाली बैरियर पर नाकाबंदी कर एक आयशर माल वाहक वाहन (AP 39 TT 4556) को रोका था। पुलिस को चकमा देने के लिए वाहन में कच्चे केलों के नीचे छिपाकर 29 प्लास्टिक बोरियों में 912.760 किलो अवैध गांजा रखा गया था, जिसकी अनुमानित कीमत 4 करोड़ 56 लाख 38 हजार रुपये आंकी गई थी। मौके से पुलिस ने 4 फर्जी नंबर प्लेट भी बरामद की थी। यह खेप ओडिशा के कंधमाल से लोड होकर उत्तर प्रदेश के शामली में आरोपी विनय शर्मा के पास पहुंचाई जा रही थी।

तकनीकी विश्लेषण से खुला मास्टरमाइंड का राज
मामले की विवेचना के दौरान पूर्व में पकड़े गए आरोपियों से पूछताछ और आरोपी रामजी ठाकुर के मोबाइल के जांच में यह साफ हो गया कि इस पूरे काले कारोबार का मुख्य रिसीवर और फायनेंसर विनय शर्मा ही है। इसके बाद बसना थाना से एक विशेष पुलिस टीम उत्तर प्रदेश भेजी गई, जिसने 17 जून को आरोपी को धर दबोचा।

शामली का रहने वाला आरोपी विनय शर्मा (50) मूल रूप से शराब, भांग और गांजे के अवैध व्यापार का बड़ा सरगना है। वह कई राज्यों में 10 से अधिक शराब ठेकों की आड़ में इस अंतरराज्यीय ड्रग सिंडिकेट को ऑपरेट कर रहा था। मुख्य आरोपी विनय शर्मा को शामली (उत्तर प्रदेश) की माननीय न्यायालय के सामने पेश कर ट्रांजिट रिमांड स्वीकृत करा लिया गया है। बसना पुलिस की टीम आरोपी को महासमुंद ला रही है, जिससे पूछताछ में कई और बड़े खुलासे होने की उम्मीद है।

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